दुनिया कुछ अलग है॥


यह दुनिया कुछ अलग है,
कुछ अलग है यहां के लोग॥
लोगों की सोच कुछ अलग है;
इस अलग सी दुनिया में,
कुछ अलग करके दिखाना होगा॥
जो लोग सोचते तुम्हें गिराने की,
उठ कर उन्हें गिराना नहीं सिर्फ झुकाना होगा॥
बदलना होगा कुछ इस अलग सी दुनिया को;
उन अलग से लोगों को जिनकी सोच कुछ अलग है॥
अलग करके कुछ दिखाना होगा,
दस बार गिरकर भी संभल जाना होगा॥
मुश्किले तो कई आएगी मंजिलों की राह में,
उन मुश्किलों को हराकर भी जीत जाना होगा॥
लड़ना गिरना और उठना होगा इस मंजिल की राह में
और एक दिन अपना झंडा मंजिल पर लहराना होगा॥
इस अलग सी दुनिया में कुछ अलग करके दिखाना
होगा॥

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